वैदिक अष्टकूट पद्धति
कुंडली मिलान 36 गुण
वर और वधू की जन्म-कुंडली मिलाकर जानिए — कितने गुण मिलते हैं, और मांगलिक या नाड़ी दोष है या नहीं।
कोई पंजीकरण नहीं · भुगतान के बाद पूरा परिणाम तुरंत
दोनों का जन्म-विवरण भरिए
तारीख़, समय और जगह — तीनों जितने सही होंगे, मिलान उतना ही सटीक। समय याद न हो तो भी चल जाएगा।
आपका कुंडली मिलान तैयार है
दोनों की कुंडली मिलाई जा चुकी है। भुगतान के बाद पूरा परिणाम यहीं खुलेगा, और वही पूरी रिपोर्ट PDF में आपके फ़ोन में उतरेगी।
- 36 गुण का गोल घेरा और आठों कूट, हर एक की पट्टी के साथ
- मांगलिक, नाड़ी और भकूट दोष — और उनका निवारण
- हर गणना को उसके शास्त्रीय भार से तौलकर बना निर्णय
- विवाह-काल, दशा और शास्त्रीय उपाय
- दोनों की पूरी कुंडली — लगभग 40 पन्नों की PDF, आपके फ़ोन में
एक बार का शुल्क, भुगतान Razorpay से। भुगतान के बाद पूरा परिणाम यहीं खुलता है और वही रिपोर्ट PDF में फ़ोन में उतरती है — मिलान और दोनों की कुंडली, लगभग 40 पन्ने। 7 दिन में दोबारा भी ली जा सकती है।
पूरा तुला हुआ निर्णय
| गणना | भार | पक्ष | क्या कहा |
|---|
कुंडली मिलान मार्ग दिखाने के लिए है, किसी संबंध को रोकने के लिए नहीं। शास्त्र ने जितने दोष गिनाए हैं उतने ही उपाय भी बताए हैं। अंतिम निर्णय वर, वधू और उनके परिवारों का है।
| कूट | गुण | विवरण |
|---|
मांगलिक मिलान
यह अंक कितना पक्का है
पूरा मिलान चंद्र पर टिका है। नीचे लिखा है कि जन्म-समय में कितनी भूल सह्य है।
एक बार का शुल्क, भुगतान Razorpay से। भुगतान के बाद पूरा परिणाम यहीं खुलता है और वही रिपोर्ट PDF में फ़ोन में उतरती है — मिलान और दोनों की कुंडली, लगभग 40 पन्ने। 7 दिन में दोबारा भी ली जा सकती है।
चार तरह का कुंडली मिलान
शादी से पहले रिश्ते का सवाल हो या शादी के बाद घर की ख़ुशी का — हर रिश्ते का अपना मिलान है। अपना चुनिए — पूरा परिणाम और PDF, एक ही भुगतान में।
शादी से पहले वर-वधू की कुंडली मिलाइए — 36 गुण, मांगलिक और नाड़ी दोष, पूरा अष्टकूट मिलान, PDF सहित।
कुंडली मिलाइएशादी के बाद पति-पत्नी की कुंडली मिलाइए — स्वभाव कहाँ टकराता है, सप्तम भाव और अभी की दशा क्या कहती है, और रिश्ते में प्यार कैसे बढ़े।
रिश्ता जाँचेंसास और बहू की कुंडली साथ देखिए — दोनों के स्वभाव का मेल, मन (चंद्र) की स्थिति और घर का भाव, ताकि अपनापन बढ़े।
मेल देखेंघर में बार-बार अनबन? परिवार के दो सदस्यों की कुंडली से कारण जानिए — चतुर्थ भाव, पितृ दोष, कालसर्प और दशा — और आसान उपाय।
शांति का रास्ता देखेंआज का राशिफल — अपनी राशि चुनें
हर दिन असली ग्रह-स्थिति से — आज, इस सप्ताह और इस महीने का फल, हर राशि का अलग।
रिपोर्ट में क्या मिलेगा
लगभग चालीस पन्ने, तीन भागों में
- ~28 पन्ने
दोनों का मिलान
36 गुण, आठों कूट अलग-अलग, मांगलिक मिलान, पाप साम्य, नाड़ी-भकूट-गण दोष और उनका निवारण, विवाह-काल, सारे उपाय एक जगह, और यह भी कि जन्म-समय में कितनी भूल सह्य है।
- ~7 पन्ने
वर की पूरी कुंडली
जन्म-पंचांग, लग्न, जन्म-कुंडली व नवांश के चक्र, कौन-से दोष बने और कितने प्रभावी, और विवाह से जुड़े प्रश्नों के उत्तर।
- ~7 पन्ने
वधू की पूरी कुंडली
वही सब, वधू की कुंडली से — लग्न, चक्र, दोष और विवाह के प्रश्न; और अंत में उपायों से जुड़े ग्रहों का पूरा विवरण।
यही रिपोर्ट PDF में उतरती है — देखने के लिए पहले मिलान कीजिए।
कैसे होता है
तीन कदम, बस
- वर का विवरणजन्म की तारीख़, समय और जगह
- वधू का विवरणवही तीन बातें
- मिलान का परिणाम36 में से कितने गुण, और कौन-सा दोष
अष्टकूट
आठ कूट, छत्तीस गुण
मिलान चंद्र-राशि और जन्म-नक्षत्र के आठ कूटों पर होता है। हर कूट के अपने गुण हैं — नाड़ी सबसे भारी, वर्ण सबसे हल्का।
जो हम देखते हैं
गुणों की गिनती से आगे
मांगलिक मिलान
दोनों की कुंडली में मंगल दोष है या नहीं, और शास्त्र का वह नियम कि मांगलिक का विवाह मांगलिक से होने पर दोष परस्पर कट जाता है।
नाड़ी और भकूट
ये दोनों गुण-संख्या से नहीं कटते। इनका निवारण है या नहीं — यह गुणों के अंक से ज़्यादा मायने रखता है।
जन्म-समय कितना पक्का
पूरा मिलान चंद्र पर टिका है, और चंद्र घंटे भर में आधा अंश चल जाता है। हम बताते हैं कि आपके अंक में कितनी भूल सह्य है।
शास्त्रीय उपाय
जो दोष मिले, उसका परिहार भी — मंत्र, पूजा, दान, और लाल किताब के टोटके, स्रोत सहित।
विवाह और कुंडली मिलान
ज्योतिष के उपाय और ज्ञान
सिर्फ़ अपनी कुंडली बनवानी है? यह पन्ना कुंडली मिलान के लिए है। अकेली जन्म-कुंडली चाहिए तो वह अलग से बनवाइए।